प्रेम‍िका पर चाकू से क‍िए नौ वार लिया बेवफाई का बदला, फट गया लीवर और फेफड़ा, खुद को भी मार ली गोली

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प्रेम‍िका पर चाकू से क‍िए नौ वार लिया बेवफाई का बदला, फट गया लीवर और फेफड़ा, खुद को भी मार ली गोली

मुरादाबाद। जयपाल और उसकी कथित प्रेमिका प्रवेश की जीवनलीला का अंत फ‍िल्‍मों की तर्ज पर हुआ। पुलिसिया जांच में पता चला है कि जयपाल अपनी माशूका की बेवफाई से अवसाद में था। अवसाद ही वह वजह बनी, जिसके चलते जयपाल ने पहले चाकू से ताबड़तोड़ प्रहार प्रवेश पर किया। जब उसे यकीन हो गया कि प्रवेश अब महज चंद मिनटों की मेहमान है, तब उसने अपनी दाहिनी कनपटी पर गोली मार ली। गुरुवार को पोस्टमार्टम बाद प्रवेश का शव स्वजन के सुपुर्द कर दिया गया।

मैनाठेर थाना क्षेत्र के ईसागढ़ तिराहे पर बीते आठ साल से मकान बना कर अकेले रहने वाले जयपाल ने अपने पड़ोसी बिंटू सिंह की 36 वर्षीय पत्नी प्रवेश देवी को चाकू से गोद कर मौत के घाट उतार दिया। इसके बाद खुद को गोली से उड़ा लिया। दोनों ही शव का पोस्टमार्टम हुआ। चिकित्सकों के मुताबिक प्रवेश देवी के शरीर पर चाकू के कुल नौ घाव मिले। महिला का लीवर और फेफड़ा फटा मिला। पेट ही नहीं पीठ पर भी चाकू के निशान थे। चिकित्सकों के इस दावे से साफ है कि जयपाल को प्रवेश देवी की मौत से कम कुछ भी मंजूर नहीं था। उसे जब यकीन हो गया कि प्रवेश चंद मिनटों की मेहमान है, तब उसने खुद को गोली से उड़ा लिया। अब सवाल यह कि एक साथ दो लोगों की मौत की स्क्रिप्ट क्यों लिखी गई। वह कौन सा कारण रहा, जो दो पड़ोसियों की मौत का सबब बना। थाना प्रभारी मैनाठेर रामवीर सिंह ने बताया कि प्राथमिक छानबीन में पता चला है कि दोनों के बीच लंबे समय से प्रेम प्रसंग चल रहा था। इस बीच जयपाल को संदेह हो गया था कि प्रवेश अब उसके साथ बेवफाई कर रही है। इस मुद्दे पर दोनों के बीच कुछ दिनों पहले तकरार होने की भी बात प्रकाश में आई है। पहले से ही पत्नी और अपने मौसेरे भाई के हत्यारोपित रहे जयपाल को प्रेमिका की बेवफाई नागवार लगी। नतीजतन जयपाल ने प्रवेश को मौत के घाट उतारने के बाद खुद की जीवन लीला का अंत कर लिया। पोस्टमार्टम बाद प्रवेश का शव उसके पति के सुपुर्द कर दिया गया। जबकि जयपाल का शव सीओ सम्भल के अर्दली त्रिलोकचंद के पुत्र के सुपुर्द किया गया। जयपाल और त्रिलोकचंद रिश्तेदार हैं। रिश्ते में जयपाल सीओ के अर्दली का साला था।