तांत्रिक जेठ ने अपनी बहू को बलि देने की कोशिश की

संवाद सूत्र बरेलीः शहर में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जिसमें तांत्रिक जेठ, ननद और ननदोई ने घर की बहू की कथित रूप से बलि देने की कोशिश की। महिला के शरीर पर चाकुओं से लगे 101 घावों पर डाक्टरों को 300 टांके लगाने लगे। मामला शहर के बारादरी थाने के मुहल्ला सिकलापुर का है।
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तांत्रिक जेठ ने अपनी बहू को बलि देने की कोशिश की

संवाद सूत्र 

बरेलीः शहर में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जिसमें तांत्रिक जेठ, ननद और ननदोई ने घर की बहू की कथित रूप से बलि देने की कोशिश की। महिला के शरीर पर चाकुओं से लगे 101 घावों पर डाक्टरों को 300 टांके लगाने लगे। मामला शहर के बारादरी थाने के मुहल्ला सिकलापुर का है। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपित ननद को गिरफ्तार कर लिया है। जबकि तांत्रिक जेठ व ननदोई फरार है। बरेली के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शैलेन्द्र पांडेय ने बताया कि आरोपी ननद असामान्य हरकतें कर रही है। उसने पीड़िता रेणु को चाकू मारने की बात कुबूल कर ली है।
रेणु का इलाज कर रहे डॉ मुकुल अग्रवाल ने बताया कि मरीज के शरीर पर करीब 101 जख्म हैं जिन पर 300 टांके लगाने पड़े। दो दर्जन से ज्यादा टांकें तो सिर्फ चेहरे पर आए हैं, हालत नाजुक है। इंस्पेक्टर बारादरी नरेश त्यागी ने बताया कि आरोपित ननद मोनी को जेल भेज दिया गया है। उसने घटना कुबूल ली है। अन्य की तलाश में दबिश दी जा रही है।
उन्होंने बताया कि भोजीपुरा के मार्डन विलेज घंघोरा गांव निवासी रेणु की शादी आठ साल पहले सिकलापुर में धर्मशाला वाली गली निवासी संजीव से हुई। दोनों के एक बेटी भी है। पिछले कुछ महीनों से रेणु के ससुर जगदीश बीमार चल रहे थे। रेणु के जेठ मूली और ननद मोनी तांत्रिक क्रिया करते हैं। तीनों ने मिलकर पिता को तंत्र विद्या से ठीक करने के लिए रेणु की बलि देने की साजिश रची। फिर रविवार देर रात उसकी बलि देने की कोशिश की। इसके लिए रेणु के चेहरे समेत पूरे शरीर पर चाकू से 101 जख्म किए गए थे।
इस दौरान किसी तरह रेणु जान बचाकर घर से भाग निकली थी। रेणु घर से लहूलुहान होकर निकली थी और बरेली कॉलेज पहुंचकर बेहोश हो गई । इस दौरान गश्त पर निकली पुलिस ने उसे जिला अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराया। पति, सास और ससुर आदि को सब पता था, लेकिन उन्होंने चुप्पी साध रखी थी। महिला को होश आया, तब उसने पूरी घटना बताई थी। रविवार देर रात रेणु के भाई ने एसएसपी से मिलकर शिकायत की। तब सभी आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया।